
ऑस्कर पुरस्कार में भारत की ओर से आधिकारिक तौर पर भेजी गई के विलेज रॉकस्टार सर्वश्रेष्ट विदेशी फिल्म बनने की दौड़ से बाहर हो गई है । 91वें अकादमी अवार्ड्स में इस श्रेणी में चुनी गई 87 फिल्मों में से नौ फिल्में ही अगले चरण में जगह बना पाई । निर्देशक रीमा दास की असम की पृष्ठभूमि पर आधारित यह फिल्म ग्रामीण बच्चों के एक समूह की कहानी है जो रॉकस्टार बनना चाहते हैं । दास ने इंस्टाग्राम पर लिखा यह सफर भले ही खत्म हो चुका हो लेकिन वह इस अदभुत सफर को कभी नहीं भूलेगी । उन्होंने लिखा कि ऑस्कर की और मेरा सफर भले ही समाप्त हो गया हो लेकिन यह अद्भुत सफर था, आशा और आकांक्षाओं से भरा । इस सफर के हर कदम पर साथ होने के लिए सुक्रिया ।हम सपने देखने के अपने विश्वास को बनाए रखेंगे। अकादमी पुरस्कार का आयोजन अगले साल 24 फरवरी को लॉस एंजेलिस के डॉल्बी थिएटर में किया जाएगा । वहीं दूसरी और ग्रामीण भारत की पृष्ठभूमि में माहवारी विषय पर आधारित पीरियड : एंड ऑफ सेंटेंस लधु फिल्म ने 91 वें अकादमी पुरस्कार की वृत्तचित्र लघु विषय श्रेणी में जगह बना ली है। पुरस्कार विजेता फिल्मकार रायका जेहताबची द्वारा निर्देशित लधु फिल्म का निर्माण गुनीत मोंगा के सिखिया एंटरटेनमेंट ने किया है । मोंगा ने कहा कि वह फिल्म को मिल रही लोकप्रियता से खुश है और वह चाहती हैं कि फिल्म काम से कम शीर्ष पांच में जगह बनाए । निर्माता ने कहा कि यह एक वास्तबिक भावना है। मैं काफी गौरवान्वित और उत्सुक हूं। उन्होंने कहा कि मैं उम्मीद करती हूं कि हम शीर्ष पांच में जगह बना पाएं लेकिन फिल्म को जो लोकप्रियता मिल रही है वह भी खास है। फिल्म द पैड प्रोजेक्ट का हिस्सा है, जिसकी शुरुआत लॉस एंजेलिस में ऑकवुड स्कूल के छात्रों और उनके शिक्षक मेलिसा ने की थी । अकादमी पुरस्कार का आयोजन अगले साल 24 फरवरी (रविवार) को लॉस एंजेलिस के डॉल्बी थिएटर में किया जाएगा ।
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